8:20 pm Tuesday , 22 September 2026
BREAKING NEWS

आज दिनांक 22 सितंबर 2026 को प्राथमिक विद्यालयों में कार्यरत 69000………..

आज दिनांक 22 सितंबर 2026 को प्राथमिक विद्यालयों में कार्यरत 69000 बैच के बीएड योग्यता धारी शिक्षकों के 6 माह के ब्रिज कोर्स में पासिंग मार्क्स की बाध्यता हटाने एवं इसे केवल एक विभागीय क्षमता संवर्धन प्रशिक्षण के रूप में संपन्न करने के संबंध में एक ज्ञापन जिला संयोजक दुष्यन्त रघुवंशी जिला सहसंयोजक प्रदीप कुमार एवं सोनी गुप्ता के नेतृत्व में सैकड़ो शिक्षकों के साथ माननीय मुख्यमंत्री जी को संबोधित एक ज्ञापन आदरणीय जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी महोदय के माध्यम से दिया गया।69000 बैच के प्राथमिक विद्यालय में परिषदीय शिक्षकों के रूप में विगत 6 वर्षों से पूरी निष्ठा और ईमानदारी के साथ कार्य कर रहा है यह सभी B.Ed. डिग्री योग्यता धारक शिक्षकों की नियुक्ति उत्तर प्रदेश शासन द्वारा निर्धारित विधिक प्रक्रियाओं के तहत पूर्ण पारदर्शिता के साथ की गई थीं। NCTE के दिशा निर्देशों के अनुसार प्राथमिक स्तर पर कार्यरत बीएड (B.Ed.) योग्यता धारी शिक्षकों के लिए 6 महीने का ब्रिज कोर्स करना अनिवार्य किया गया है।
वर्तमान विसंगतियां और कड़े नियमों के कारण 69000 बैच के परिषदीय शिक्षकों की नियुक्ति भर्ती के मूल विज्ञापन 2018 के नियमों और शर्तों के अनुसार स्पेशल टेट (STET) परीक्षा उत्तीर्ण करने पर हुई थी उस मूल विज्ञापन में केवल “सेवाकालीन प्रशिक्षण” पूर्ण करने की बात की गई थी, न कि किसी भी प्रकार की न्यूनतम उत्तीर्ण अंक पर परीक्षा व्यवस्था की। वर्तमान में ब्रिज कोर्स के साथ यह नई शर्त जोड़ दी गई है कि 50% अंकों के साथ उत्तीर्ण न होने पर नौकरी से आयोग घोषित कर दिया जाएगा विगत 6 वर्षों से लगातार सेवा और विभागीय विज्ञापन के विपरीत यह शर्त इन शिक्षकों के भविष्य पर तलवार की तरह लटक रही है जिससे यह शिक्षक अत्यधिक मानसिक अवसाद में हैं।
इसके अतिरिक्त इस 6 माह के ब्रिज कोर्स की नियमावली व शर्तों में महिला शिक्षकों के मातृत्व अवकाश या विशेष परिस्थितियों के संबंध में कोई भी स्पष्ट दिशा निर्देश नहीं दिए गए हैं, जिससे महिला शिक्षिकाओं में अपने मातृत्व और सेवा सुरक्षा को लेकर गंभीर असमंजस की स्थिति उत्पन्न हो रही है इन सभी बीएड योग्यता धारी शिक्षकों के सुरक्षित भविष्य को ध्यान में रखते हुए इस 6 माह की ब्रिज कोर्स को किसी कठोर परीक्षा या न्यूनतम उत्तीर्ण अंक जैसी सेवा समाप्ति की शर्तों के स्थान पर पूर्व में किए गए प्रशिक्षकों की भांति ही केवल एक क्षमता संवर्धन प्रशिक्षण के रूप में ही माना जाए जिससे यह सभी शिक्षक पूर्ण मानसिक शांति और सुरक्षित माहौल में नौनिहाल बच्चों के भविष्य को सजाने और संवारने का कार्य निर्विघ्न रूप से संपन्न कर सकें। इस अवसर पर राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ की सभी ब्लॉक इकाइयों के अध्यक्ष, मंत्री, कोषाध्यक्ष एवं अन्य सभी पदाधिकारी के साथ-साथ 69000 भर्ती के भारती के शिक्षक आदेश कुमार, प्रगति जैन,आदेश ,सचिन कुमार हरिओम यादव, दुर्गेश कुमारी एवं अन्य काफी मात्रा में शिक्षक शिक्षिकाएं उपस्थित रहे।

विज्ञापन एक्सप्रेस