।
उझानी बदांयू 17 अक्टूबर।
बदायूं जिले के उझानी में बरेली-मथुरा हाईवे पर रोज लगने वाला जाम अब जनता के सब्र का बांध तोड़ चुका है। आज फिर हाईवे पर घंटों महाजाम लगा रहा। यात्री बिलबिलाते रहे, बसें फंसी रहीं, एंबुलेंस तक नहीं निकल पाई।
हाईवे किनारे लगे धर्मकांटे बने जाम के विलेन-
स्थानीय लोगों का आरोप है कि हाईवे किनारे लगे धर्मकांटे वालों ने हाईवे को ही अपना गोदाम बना लिया है। दिनभर धान से लदे ट्रक, ट्रैक्टर-ट्रॉलियां हाईवे पर ही नाप-तौल के चक्कर में खड़ी रहती हैं, जिससे फोरलेन हाईवे सिमट कर एक लेन रह जाता है।
मंडी समिति की आवक बनी जी का जंजाल-
मंडी समिति में धान की बंपर आवक के चलते हालात और बिगड़ गए हैं। यह आवक अब राहगीरों, स्कूली बच्चों और बस चालकों के लिए जी का जंजाल बन गई है।
पुलिस खड़ी तमाशा देखती रही, प्रशासन मौन-
मौके पर पुलिस की मौजूदगी के बाद भी रोज वही कहानी देखने को मिल रही है। पुलिस आती है, जाम खुलवाती है और 10 मिनट बाद फिर जाम लग जाता है। बस से सफर करने वाले यात्रियों का गुस्सा फूट पड़ा है। यात्रियों का कहना है कि यह रोज का ड्रामा है, उझानी को जाम-मुक्त करो।
असल वजह – मंडी के कांटे खराब, बाहर तोल का खेल-
जाम की असली वजह के पीछे कृषि उत्पादन मंडी समिति भी दोषी है। क्योंकि मंडी समिति के अंदर लगे धर्मकांटे काफी समय से खराब पड़े हैं। अगर सही भी होते तो आढ़तियों को उन कांटों पर विश्वास नहीं है। धान हो या मक्का, आढ़त से सौदा होने के बाद तोल बाहर प्राइवेट धर्मकांटे पर ही कराई जाती है।
यही वजह है कि वाहन पहले मंडी के अंदर जाता है, फिर तोल कराने के लिए दोबारा बाहर हाईवे पर आता है, तोल कराकर फिर मंडी के अंदर जाता है। इस आने-जाने के चक्कर में पूरा हाईवे जाम की जद में आ जाता है।
वहीं मंडी समिति के सुरक्षा गार्ड भी जाम का तमाशा देखते रहते हैं, उसे हटवाने में कोई दिलचस्पी नहीं दिखाते। इसी वजह से हाईवे जाम होते ही कछला रोड का बाजार भी जाम हो जाता है और उसका असर पूरे नगर के बाजारों में जाम के रूप में देखने को मिलता है।
bdnindia.com bdnindia.com | www.bdnindia.com