Gunjan Agrawal तुम अपने जीवन के सफर में, चलते रहे,आगे बढ़ते रहे, बिना यह परवाह किए कि... तुम्हारा कितना कुछ पीछे छूट रहा है.. और मैं बावरी आज भी उसी राह पर, सिर्फ तुम्हारी प्रतीक्षारत हूं...!!!! गुंजन शिशिर